{"product_id":"kankad-devta-कंकड़-देवता-1824-में-अंग्रेज़ों-से-विद्रोह-में-शहीद-हुए-मालवा-के-कुँवर-चैनसिंह-की-शौर्य-गाथा","title":"Kankad Devta | कंकड़ देवता (1824 में अंग्रेज़ों से विद्रोह में शहीद हुए मालवा के कुँवर चैनसिंह की शौर्य-गाथा)","description":"\u003cp\u003eसुदर्शन ने अपने उपन्यास 'कंकड़ देवता' में लोक देवता की जनमानस में अकूत आस्था को बरकरार रखते हुए उनके जीवन को उसी मानवीय रूप में रखने की कोशिश की है, जहाँ वे दो सौ साल पहले सशरीर खड़े थे, ताक़तवर अंग्रेज़ों से अकेले के दम पर अद्भुत शौर्य और साहस के बूते लोहा लेते हुए। अच्छी बात यह कि उपन्यास अपनी सुगढ़ लेकिन आमफ़हम भाषा से उस दौर के ऐसे प्रामाणिक चित्र बनाता चलता है कि पाठक उसमें रम जाता है। रोचकता आदि से अंत तक बनी रहती है और उपन्यास पूरे किए बिना हाथ से छूट नहीं पाता। और ख़त्म होने के बाद पाठक के भीतर चलता रहता है।\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cstrong\u003e– मनीष वैद्य,\u003c\/strong\u003e \u003cem\u003eप्रतिष्ठित कथाकार\u003c\/em\u003e\u003c\/p\u003e","brand":"Vera Prakashan","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":68158435426541,"sku":null,"price":245.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0355\/1415\/5141\/files\/gtZW0AMjf5.jpg?v=1793714702","url":"https:\/\/rekhtabooks.com\/products\/kankad-devta-%e0%a4%95%e0%a4%82%e0%a4%95%e0%a4%a1%e0%a4%bc-%e0%a4%a6%e0%a5%87%e0%a4%b5%e0%a4%a4%e0%a4%be-1824-%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%82-%e0%a4%85%e0%a4%82%e0%a4%97%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a5%87%e0%a4%9c%e0%a4%bc%e0%a5%8b%e0%a4%82-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%b5%e0%a4%bf%e0%a4%a6%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a5%8b%e0%a4%b9-%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%82-%e0%a4%b6%e0%a4%b9%e0%a5%80%e0%a4%a6-%e0%a4%b9%e0%a5%81%e0%a4%8f-%e0%a4%ae%e0%a4%be%e0%a4%b2%e0%a4%b5%e0%a4%be-%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a5%81%e0%a4%81%e0%a4%b5%e0%a4%b0-%e0%a4%9a%e0%a5%88%e0%a4%a8%e0%a4%b8%e0%a4%bf%e0%a4%82%e0%a4%b9-%e0%a4%95%e0%a5%80-%e0%a4%b6%e0%a5%8c%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%af-%e0%a4%97%e0%a4%be%e0%a4%a5%e0%a4%be","provider":"Rekhta Books","version":"1.0","type":"link"}