{"product_id":"kum-nama","title":"Kum Nama Hindi","description":"\u003cp\u003eAbout The Book: \"कुम-नुमा’ जव्वाद शैख़  का दूसरा शेरी मजमुआ है। ये  किताब उनकी शाइरी के अलग अंदाज़, सोच की गहराई और वक़्त के साथ उनके लेखन में आए बदलावों को सामने लाती है। इस दौरान उनके कई शेर लोगों की ज़ुबान पर चढ़े और क़ारीन के दिलों में जगह बनाने में कामयाब रहे। उनकी शाइरी को अदबी दुनिया  के साथ-साथ आम क़ारीन के बीच भी ख़ूब शोहरत और सम्मान मिला। उनका पहला संग्रह ‘कोई कोई बात’ 2016 में प्रकाशित हुआ था, जिसे अदबी दुनिया में काफ़ी सराहना मिली और इसके लिए उन्हें कई साहित्यिक सम्मान भी प्राप्त हुए। ‘कुम-नुमा’ इसी सफ़र को आगे बढ़ाता है। इसमें जीवन के अनुभवों की गहराई, विचारों की समृद्धि और अभिव्यक्ति की ताज़गी देखने को मिलती है, जो जवाद शेख़ की शायरी को एक अलग पहचान देती है।\"\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eAbout The Author:\"जव्वाद शैख़ उर्दू ग़ज़ल के जाने-माने शाइर हैं। उनका तआल्लुक़ पाकिस्तान के ज़िले सरगोधा के भालवाल से है। उन्होंने अपने जीवन के चौबीस साल ओस्लो (नॉर्वे), मदीरा और लिस्बन (पुर्तगाल) तथा डबलिन (आयरलैंड) में बिताए। 1997 में शाइरी का सफ़र शुरू किया और 2002 से बाक़ायदा साहित्यिक क्षेत्र में सक्रिय हुए। उन्होंने सरगोधा विश्वविद्यालय से उर्दू साहित्य में एम.ए. किया। ओस्लो (नॉर्वे) में हल्का-ए-अरबाब-ए-ज़ौक़ के महासचिव भी रहे। जनवरी 2016 में उनका पहला शेरी मजमुआ ‘कोई कोई बात’ शाय हुआ, जिसे अदबी दुनिया में काफ़ी सराहना मिली। वक़्त के साथ उन्होंने मआसिर उर्दू शाइरी में अपनी अलग पहचान बनाई। उन्होंने अमेरिका, कनाडा, यूरोप और खाड़ी देशों में आयोजित कई मुशायरों और अदबी तक़रीबात में हिस्सा लिया, जहाँ उनकी शाइरी को क़ारीन की तरफ़ से ख़ूब पज़ीराई हासिल हुई। अप्रैल 2025 में उन्हें अमेरिका के मैसाचुसेट्स राज्य के कैम्ब्रिज स्थित हार्वर्ड विश्वविद्यालय में एक अदबी तक़रीब में शामिल होने के लिए मदऊ किया गया। ये उनके अंतरराष्ट्रीय साहित्यिक सफ़र की एक अहम उपलब्धि थी। फ़िलहाल वे स्विट्ज़रलैंड के ज़ुग शहर में रहते हैं। जव्वाद  शैख़   को कई साहित्यिक पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है। उनकी किताब ‘कोई कोई बात’ को ‘नाम गिरिफ़्ता अवॉर्ड 2016\/2017’ और ‘इशारा लिटरेरी अवॉर्ड 2017’ से नवाज़ा गया। \"\u003c\/p\u003e","brand":"Rekhta Publications","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":67792224125165,"sku":null,"price":299.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0355\/1415\/5141\/files\/N5265iZmuY.jpg?v=1792145059","url":"https:\/\/rekhtabooks.com\/hi\/products\/kum-nama","provider":"Rekhta Books","version":"1.0","type":"link"}