{"product_id":"jury-baba-stories-जूरी-बाबा","title":"Jury Baba | Stories | जूरी बाबा","description":"\u003cdiv\u003eकहानी संग्रह 'जूरी बाबा' समकालीन ग्राम्य जीवन की परत-दर-परत खुलती हुई ऐसी कथा-यात्रा है, जो पाठक को केवल घटनाओं के बीच नहीं, बल्कि समय की धड़कनों के भीतर ले जाती है। यहाँ गाँव किसी रोमानी स्मृति का स्थल नहीं, बल्कि संघर्ष, सत्ता-चालों, अंधविश्वासों और बदलती मानवीय संवेदनाओं का जीवंत रंगमंच है।\u003c\/div\u003e\u003cdiv\u003e— डॉ. दुर्गाप्रसाद अग्रवाल, वरिष्ठ साहित्यकार\u003c\/div\u003e\u003cdiv\u003e\u003c\/div\u003e\u003cdiv\u003eकहानी संग्रह 'जूरी बाबा' राजस्थानी जनजीवन, लोक-संस्कृति और मानवीय संवेदनाओं का एक जीवंत दस्तावेज़ है। इस संग्रह की कहानियाँ केवल मनोरंजन नहीं करतीं, बल्कि समाज के उन कोनों को प्रकाशित करती हैं जहाँ पितृसत्तात्मक बेड़ियाँ, अंधविश्वास और संघर्ष की मर्मान्तक गाथाएँ छिपी हैं।\u003c\/div\u003e\u003cdiv\u003e— डॉ. संतोष पटेल, कवि-आलोचक \u003c\/div\u003e","brand":"Vera Prakashan","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":49763981197549,"sku":null,"price":185.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0355\/1415\/5141\/files\/BNvRvyeIhf.jpg?v=1775739346","url":"https:\/\/rekhtabooks.com\/hi\/products\/jury-baba-stories-%e0%a4%9c%e0%a5%82%e0%a4%b0%e0%a5%80-%e0%a4%ac%e0%a4%be%e0%a4%ac%e0%a4%be","provider":"Rekhta Books","version":"1.0","type":"link"}